हिन्दू एक संस्कार एवं संस्कृति है
   दिनांक 26-जून-2018
 कार्यक्रम को संबोधित करते श्री शंकरलाल
 
‘हम सब भाग्यशाली हैं कि भारत भूमि पर पैदा हुए हैं। यह भूमि इतनी पवित्र है कि यहां स्वयं भगवान भी जन्म लेने की इच्छा रखते हैं। हिन्दुस्थान की भूमि हिन्दू भूमि है। हिन्दू कोई जाति या पंथ नहीं है। यह एक संस्कार व संस्कृति है। इसलिए हिन्दुस्थान में रहने वाला हर व्यक्ति हिन्दू है। सभी के पूर्वज एक हैं। उपासना पद्धति जरूर अलग-अलग हैं।’’ उक्त बातें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य श्री शंकरलाल ने कहीं। वे गत दिनों गोरखपुर के सरस्वती विद्या मंदिर में ‘गोरक्षप्रांत’ के संघ शिक्षा वर्ग के समापन अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का संचालन श्री विरेन्द्र ने किया। (विसंकें, गोरखपुर)