एनआरसी पर दिए विवादित बयान को लेकर ममता पर एफआईआर

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन्स के खिलाफ दिए गए विवादित बयान को लेकर एफआईआर दर्ज हो गई है। असम एनआरसी मुद्दे पर डिब्रुगढ़ जिले के नाहरकटिया पुलिस थाने में ममता बनर्जी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई है। ममता पर प्रदेश की साम्प्रदायिक सद्भावना को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने का आरोप लगाया गया है।

एफआईआर जगदीश सिंह, मृदुल कलिता और अमुल्य चेंगलारी नाम के तीन लोगों ने दर्ज करवाई है, तीनों भाजपा युवा मोर्चा के सदस्य हैं। एफआईआर में ममता बनर्जी पर आरोप लगाया गया है कि ममता बनर्जी असम में साम्प्रदायिक तनाव पैदा करने और एनआरसी की शांतिपूर्ण प्रक्रिया को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रही हैं।

उल्लेखनीय है हाल ही में असम में नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन्स के अंतिम मसौदे को जारी किए जाने के बाद उसमें 40 लाख लोगों की नागरिकता को अवैध ठहराया जाने पर ममता बनर्जी ने विवादित बयान दिया था। ममता ने कहा था कि असम के नेशनल सिटीजन रजिस्टर के पीछे सियासी मकसद है और वे इस मकसद को कामयाब नहीं होने देंगी। 40 लाख से ज्यादा लोग जिन्होंने कल सत्ताधारी पार्टी के लिए वोट किया था आज उन्हें अपने ही देश में रिफ्यूजी बना दिया गया है। भाजपा देश बांटो और राज करो की नीति अपना रही है यदि ऐसे ही चलता रहा तो देश में रक्तपात और गृह युद्ध होगा।