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फिल्म समीक्षा : औंधे मुंह क्यों गिरी सलमान की ‘राधे’

WebdeskJun 02, 2021, 12:02 PM IST

फिल्म समीक्षा : औंधे मुंह क्यों गिरी सलमान की ‘राधे’

फिल्म ‘राधे’ को ईद पर रिलीज कर सलमान खान ने अपना कमिटमेंट तो पूरा कर दिया परंतु दर्शकों ने इसे पूरी तरह नकार दिया है। यह परिणाम इसके बावजूद मिला है कि फिल्म देश-विदेश में एक साथ कई प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज हुई। सलमान की पिछली चार फिल्मों दबंग-3, रेस-3, ट्यूबलाइट और भारत में महज भारत ही थोड़ा-बहुत कारोबार कर पाई। अब राधे के औंधे मुंह गिरने से साफ हो गया है कि सलमान का तिलिस्म टूट चुका है। सलमान खान ने गत 13 मार्च को ट्वीट करके अपनी फिल्म ‘राधे’ की रिलीज को लेकर कहा था -‘ईद का कमिटमेंट था, ईद पर ही आएंगे।’ कोरोना के इस खतरनाक दौर में जब बड़ी फिल्मकार अपनी फिल्में प्रदर्शित करने से बच रहे हैं, ऐसे में सलमान खान के इस कमिटमेंट ने सभी को चौंकाया था। इस घोषणा के कुछ दिन बाद कोरोना की दूसरी लहर से कोरोना के मामले और भी बढ़ने लगे जिससे हालात बेहद चिंताजनक हो गए। तब सभी को लगा था कि सलमान अपना कमिटमेंट पूरा नहीं कर पाएंगे। ‘राधे’ का प्रदर्शन आगे खिसकेगा। लेकिन तमाम किन्तु-परंतु के बीच 13 मई को फिल्म ‘राधे’ रिलीज कर दी गई। हालांकि सलमान का यह कमिटमेंट उन सभी के लिए घातक सिद्द हुआ जिन्होंने सलमान खान और उनकी इस फिल्म पर भरोसा किया था। सलमान की ‘राधे’ को 13 मई को रिलीज करने की जिद तो पूरी हो गई लेकिन रिलीज के बाद फिल्म ‘राधे’ ऐसे औंधे मुंह गिरी कि सभी अवाक रह गए। हालांकि ‘राधे’ देश की ऐसी पहली फिल्म है जो देश-विदेश के थिएटर्स और ओटीटी प्लेटफॉर्म एवं ‘पे पर व्यू’ व्यवस्था के साथ डीटीएच पर भी एक साथ रिलीज हुई है। इसलिए अधिकतर लोग यह उम्मीद लगाए बैठे थे कि एक लंबे अंतराल के बाद जब सलमान खान की ‘राधे’ एक साथ विभिन्न प्लेटफॉर्म्स पर प्रदर्शित होगी तो यह फिल्म बहुत बड़ा बिजनेस करेगी। इससे बुरे दौर से गुजर रहा मनोरंजन उद्योग फिर उठ खड़ा होगा। ‘राधे’ के बाद देशभर में सूने पड़े थिएटर्स पर बहार लौट आएगी। यहां तक कि विदेशों में भी ‘राधे’ धमाल कर देगी। लेकिन ऐसा हो नहीं सका। ‘राधे’ फिल्म एक बिग फ्लॉप बनकर रह गयी जो सलमान खान के करियर के लिए एक बड़ा झटका है। हालांकि ‘राधे’ के फ्लॉप होने से सलमान खान को व्यक्तिगत रूप से कोई नुकसान नहीं हुआ है। बताया जा रहा है कि ‘राधे’ फिल्म का कुल बजट 90 करोड़ रुपये है। कुछ सूत्रों और खबरों की मानें तो ‘राधे’ के समस्त अधिकार जी समूह के जी स्टूडियो ने 190 करोड़ रुपये में खरीदे हैं। लेकिन अधिकृत रूप से सलमान या जी स्टूडियो ने यह डील सार्वजनिक नहीं की है। इस डील में थिएटर रिलीज के साथ ओटीटी, सेटेलाइट्स ही नहीं, इसके ओवरसीज और संगीत के अधिकार भी शामिल हैं। इससे सलमान खान ने तो 90 करोड़ रुपये की फिल्म 190 करोड़ रुपये में बेचकर पहले ही 100 करोड़ रुपये की कमाई कर ली। लेकिन ‘राधे’ के फ्लॉप होने से उन सभी के लिए भारी मुश्किलें खड़ी हो गई हैं जिन्होंने इस फिल्म पर पैसा लगाया, जिन्होंने इसे अपने थिएटर में रिलीज किया। जाहिर है, इसमें जी समूह को फिलहाल तो बड़ा नुकसान होगा ही। चाहे आगे चलकर वह नुकसान की भरपाई अन्य संसाधनों से कर ले। हालांकि जी समूह ने अभी तक इस संबंध में अपना कोई वक्तव्य नहीं दिया है। जी समूह ने इसे अपने ओटीटी प्लेटफॉर्म जी-5 पर रिलीज किया। जिन लोगों ने जी-5 की नई वार्षिक सदस्यता का कॉम्बो आॅफर 499 रुपये में खरीदा, वे ‘राधे’ एक तरह से मुफ्त में देख सकते थे। लेकिन जी प्लेक्स पर, ‘पे पर व्यू’ में सिर्फ ‘राधे’ को देखने के लिए 249 रुपये का टिकट रखा गया जिसमें एक घर में जितने लोग चाहें, इस राशि में ‘राधे’ देख सकते हैं। इसी राशि में डीटीएच, डी2एच, टाटा स्काई, डिश टीवी और एयरटेल पर भी इस फिल्म को देखने की व्यवस्था रखी गई। लेकिन इतने तामझाम के बावजूद नतीजे फीके रहे। ओटीटी और डीटीएच के माध्यम से जी स्टूडियो को ‘राधे’ के प्रदर्शन से क्या कमाई हुई, इसके आंकड़े जी ने जारी नहीं किए। बस इतना दावा किया गया कि पहले दिन ही विश्वभर में करीब 43 लाख लोगों ने इस फिल्म को देखा। यहां यह भी बता दें कि इसका मतलब यह नहीं कि 43 लाख लोगों ने इसे 249 रुपये देकर देखा। इसके लिए सामान्यत: एक फॉमूर्ला यह रहता है कि एक घर में औसतन 5 लोग एक फिल्म को देखते हैं। इसका तात्पर्य कुछ यह है कि असल में 8 लाख 60 हजार घरों में इस फिल्म को देखा गया। इसमें जिन लोगों ने जी समूह के जिन प्लेटफॉर्मस पर दर्शकों ने यह फिल्म देखी, उसका पैसा तो जी समूह के पास गया। लेकिन अन्य डीटीएच प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से जिन्होंने ‘राधे’ को देखा, वहां जी को उसका एक हिस्सा ही मिला। सलीम खान ने भी की ‘राधे’ की बुराई दिलचस्प यह है कि कुछ ‘फिल्म समीक्षाओं’ में इस फिल्म की काफी तारीफ भी की गई लेकिन ‘क्यों’, ये वे ही जानें। दूसरी तरफ, देश-विदेश में इस फिल्म को दर्शकों सहित अनेक समीक्षकों ने भी ‘राधे’ को एक घटिया फिल्म बताया है। वहीं सलमान खान के पिता और प्रसिद्ध लेखक सलीम खान ने भी अपने बेटे की इस फिल्म को खराब बताने में कोई संकोच नहीं किया। सलीम खान ने अपने एक इंटरव्यू में कहा है- ‘राधे’ कोई ‘ग्रेट’ या अच्छी फिल्म नहीं है। इसका एक कारण यह भी है कि आजकल अच्छे लेखक नहीं हैं। जो लेखक हैं, वे साहित्य नहीं पढ़ते, वे बाहर की कोई कहानी उठाकर उसका भारतीयकरण कर देते हैं।’ देश में एक दिन का कलेक्शन 509 रुपये इस सच को जानकर अच्छे-अच्छों के पांव तले की जमीन खिसक जाएगी कि सलमान की ‘राधे’- यूअर मोस्ट वांटेड भाई’ का देशभर से एक दिन का कुल बॉक्स आॅफिस कलेक्शन मात्र 509 रुपये रहा। एक और दिन भी ‘राधे’ ने दिन भर में कुल 509 रुपये एकत्र किए। जबकि इससे पहले दो दिन ‘राधे’ ने दिन भर 1155 रुपये रोज एकत्र किए। असल में कोरोना के लॉकडाउन के चलते देश भर में थिएटर बंद हो गए। इससे ‘राधे’ को सिर्फ त्रिपुरा राज्य के 3 सिनेमाघरों -रुपासी, बलाका और धर्मनगर में ही रिलीज किया जा सका। लेकिन इन तीन सिनेमा में रोज 11 शो होने के बाद भी ‘राधे’ 8 दिन में कुल 63 हजार 248 रुपये ही एकत्र कर सकी। इससे भी महत्वपूर्ण यह है कि देश में यह जहां थिएटर पर रिलीज हुई, वहां भी इतना कम कलेक्शन हुआ। इतना कम कलेक्शन तो तीन सिनेमाघरों पर 32 साल पहले तब भी नहीं हुआ था जब 1989 में सलमान की बतौर हीरो पहली फिल्म ‘मैंने प्यार किया’ आई थी जो यह बताता है दर्शकों ने फिल्म ‘राधे’ को पूरी तरह नकार दिया। मैंने स्वयं ‘राधे’ फिल्म को देखा तो मेरे मन में पहला सवाल यही था कि सलमान ने आखिर ऐसी बेकार फिल्म क्यों बनाई? हालांकि शुरू में यह फिल्म कुछ ठीक-ठाक सी लग रही थी। लेकिन आगे बढ़ते-बढ़ते यह फिल्म एक सिरदर्द साबित हुई। यूं ‘राधे’ एक ऐक्शन कोरियन फिल्म ‘द आउटलॉंस’ से ‘प्रेरित’ है। लेकिन ‘राधे’ में कुछ भी ऐसा नहीं है जिससे प्रेरित हुआ जा सके। सलमान के साथ जैकी श्राफ, रणदीप हुड्डा भी फिल्म में हैं। साथ ही वह दिशा पटानी भी, जिन्होंने ‘एम एस धोनी’ फिल्म में किए अपने दिलकश अभिनय से अपनी शानदार छवि बना ली थी। लेकिन ‘राधे’ से दिशा अपनी दिशा भटक गई हैं। यूं ‘राधे’ उन शातिर लोगों की बात करती है जो युवाओं को ड्रग्स के जाल में फांस रहे हैं। लेकिन यह अच्छा विषय न अच्छी कहानी-पटकथा पा सका और न अच्छा संगीत। न संवाद दमदार बन सके और न नृत्य संगीत। फिर आखिर कोई ‘राधे’ देखे तो किसलिए? विदेशों में भी नहीं की गई पसंद हालांकि यह तो सच है कि यदि देश में कोरोना के कारण थिएटर बंद नहीं होते, यहाँ तक आधी क्षमता के साथ भी थिएटर खुले होते तो शायद ‘राधे’ थिएटर रिलीज से 40 करोड़ रुपये के आसपास व्यापार कर सकती थी। लेकिन उधर यह भी सच है कि विदेशों में जहां थिएटर खुले हुए हैं, वहां अधिकतर जगह फिल्म दर्शकों को पसंद नहीं आई। विदेशों में यह फिल्म अमेरिका, ब्रिटेन, आॅस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड आदि में जहां भी रिलीज हुई है, वहाँ लोग फिल्म में खास दिलचस्पी नहीं ले रहे। हाँ! संयुक्त अरब अमीरात में जरूर ‘राधे’ को कुछ सफलता मिली है। उसी के चलते दावा किया जा रहा है कि ‘राधे’ ओवरसीज में कुल मिलाकर लगभाग 18 करोड़ रुपये कमाई कर चुकी है। लेकिन इन और अन्य कई देशों में ओटीटी पर भी इस फिल्म को देखना लोगों ने गवारा नहीं समझा। मैंने स्वयं दुनिया के कई देशों में लोगों से बात की तो सभी जगह फिल्म के प्रति नकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। इंग्लैंड के नेंट नैन्टविच में रह रहे, भारतीय फिल्मों के बड़े शौकीन डॉ. आशीष दवे बताते हैं -‘फिल्म ‘राधे’ को अच्छा परिणाम नहीं मिला है, न ही इसे देखने का उत्साह है। इसकी खराब कहानी, खराब समीक्षा इसकी विफलता के प्रमुख कारण हैं।’ उधर कैलिफोर्निया, अमेरिका से सविता शाह बताती हैं- ‘इधर ‘राधे’ को लेकर हमने कोई चर्चा नहीं सुनी।’ आॅस्ट्रेलिया के सिडनी में रह रहे देवेन्दर पॉल कहते हैं- ‘राधे’ आई भी, गई भी। मेरे पास तो इस फिल्म को देखने के लिए दो मुफ्त वाउचर भी पड़े हैं। लेकिन ‘राधे’ देखने में मेरी कोई दिलचस्पी नहीं है।’ ऐसे ही आॅस्ट्रेलिया के मेलबर्न से नीलिमा हरजाल से जब हमने ‘राधे’ के बारे में पूछा तो वह बोलीं- ‘मैंने यहाँ ‘राधे’ की कोई आहट नहीं सुनी। यहां तक ओटीटी पर भी नहीं। लोग इधर नेटफ्लिक्स और अमेजन पर ही ज्यादा फिल्में देखते हैं। इन पर ‘राधे’ आई ही नहीं।’ उधर बॉन सिटी जर्मनी से राजेश वासुदेव कहते हैं-‘यहां किसी को ‘राधे’ देखने में दिलचस्पी नहीं है।’ ऐसे ही स्पेन से अमित साहनी बताते हैं- ‘‘राधे’ यहां फ्लॉप हो गई।’ जबकि कनाडा के ओटावा में रह रहे प्रेमदत्त शर्मा बताते हैं- ‘यहां थिएटर तो अभी बंद हैं। लेकिन मैंने अपने व्हाट्सएप ग्रुप में ‘राधे’ के बारे लोगों से पूछा तो किसी ने इसके बारे में नहीं बताया, न ही इस फिल्म के बारे में कोई बात कर रहा है। हां मैंने इसे ओटीटी पर देखा लेकिन मेरी राय मे यह फिल्म औसत से भी नीचे है। सलमान और जैकी दोनों पर ज्यादा उम्र की परतें प्रतीत होने लगी हैं।’ देश-दुनिया से ‘राधे’ को मिली प्रतिक्रियाएं और इसके बॉक्स आॅफिस कलेक्शन से साफ है कि ‘राधे’ को दर्शकों ने पूरी तरह खारिज कर दिया है। हालांकि सलमान की पिछली फिल्म ‘दबंग-3’ 2019 में प्रदर्शित हुई थी। वह भी कुल 146 करोड़ रुपये का ही कारोबार कर पाई थी। उससे पहले भी ‘रेस-3’ और ‘ट्यूबलाइट’ भी सफल नहीं हो सकीं थीं। सलमान की ‘भारत’ ने जैसे-तैसे 210 करोड़ रुपये का बिजनेस तो कर लिया था। लेकिन जिस सलमान की ‘बजरंगी भाईजान’, ‘सुल्तान’ और ‘टाइगर जिंदा है’ 300 करोड़ से ज्यादा का बिजनेस कर उन्हें बॉलीवुड का टाइगर, बॉलीवुड का सुल्तान का खिताब देती रही हों, उस सलमान की फिल्में अब जिस तरह विफल हो रही हैं, उससे यह संकेत मिल रहे हैं की सलमान का तिलिस्म अब चल नहीं पा रहा। -प्रदीप सरदाना (वरिष्ठ पत्रकार एवं फिल्म समीक्षक)

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