स्व.ओमप्रकाश जी को दी गई श्रद्धांजलि
   दिनांक 20-अगस्त-2019

 

स्व. ओमप्रकाश को श्रद्धांजलि अर्पित करते श्री योगी आदित्यनाथ 

पिछले दिनों लखनऊ के निराला नगर स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक स्व. ओमप्रकाश जी की स्मृति में एक श्रद्धाञ्जलि सभा का आयोजन किया गया। इस मौके पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सहसरकार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल ने कहा कि ओमप्रकाश जी 21 वर्ष की उम्र में संघ के प्रचारक बने और 73 वर्ष तक संघमय जीवन जीया। वे जब संघ के प्रचारक बने तो विपरीत परिस्थितियां थीं। ऐसे समय में एक दृढ़ संकल्पित व्यक्ति ही ऐसा जीवन जी सकता है। उनके जीवन की प्रेरणा से अनेक स्वयंसेवक निकले। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि स्व. ओमप्रकाश जी ने आजीवन स्वयंसेवक व प्रचारक के रूप में जीवन जीया। वे कहा करते थे व्यक्ति का जैसे जन्म है, वैसे ही मरण है। वे निरन्तर रचनात्मक कार्यों के बारे में सोचते रहते थे। उन्होंने गोरक्षा के साथ उसके आर्थिक पक्ष पर भी विचार किया। वे अनेक संगठनों के जनक थे। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि स्व. ओमप्रकाश जी ने उत्तराखंड के सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों में संघ को खड़ा किया। उनके कर्मों से हम लोग सीखते थे। उत्तराखंड में गो से पंचगव्य बनाने का कार्य उनकी ही देन है। उनका जीवन हम सबके लिए प्रेरणादायक है। सभा में उपस्थित उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष श्री हृदय नारायण दीक्षित ने कहा कि स्व. ओमप्रकाश जी असाधारण थे। इस अवसर पर राज्य के दोनों उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य एवं डॉ. दिनेश शर्मा, रा.स्व.संघ के अखिल भारतीय सह संपर्क प्रमुख श्री रामलाल, अखिल भारतीय सह पर्यावरण प्रमुख श्री राकेश जैन, राष्ट्र सेविका समिति की प्रान्त कार्यवाहिका यशोधरा, क्षेत्र कार्यवाह श्री रामकुमार सहित सैकड़ों लोगों ने स्व. ओमप्रकाश जी को श्रद्धाञ्जलि अर्पित की।  प्रतिनिधि


सेवादूत बन बचा रहे जीवन


 

 सांगली के आपदा प्रभावित लोगों के लिए भोजन पैकेट तैयार करतीं सेविकाएं

केरल के वायनाड में आपदा में फंसे लोगों की मदद करते स्वयंसेवक

 

देश के कई प्रदेशों में बाढ़ की विभीषिका से जनजीवन बेहाल है। गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, असम एवं केरल में जहां दर्जनों लोगों की मौत हो गई वहीं करोड़ों-अरबों का नुकसान हुआ है। ऐसे मौके पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता किसी देवदूत की भांति, बिना किसी भेदभाव के बाढ़ में फंसे लोगों को न केवल बचा रहे हैं बल्कि हर संभव मदद कर रहे हैं। केरल के वायनाड एवं अन्य बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में रा.स्व.संघ एवं सेवा भारती के कार्यकर्ता विभिन्न समूहों में बंटकर राहत व बचाव कार्य में लगे हुए हैं और भोजन, वस्त्र एवं जीवन के लिए जरूरी चीज को बाढ़ प्रभावितों तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं।