श्रद्धांजलि: पूर्व वित्त मंत्री जेटली को अंतिम विदाई आज,दोपहर दो बजे होगा अंतिम संस्कार
    दिनांक 25-अगस्त-2019
अरुण जेटली 9 अगस्त से एम्स में भर्ती थे, उन्होंने शनिवार दोपहर 12 बजकर 7 मिनट पर अंतिम सांस ली। उनका सॉफ्ट टिश्यू कैंसर का इलाज चल रहा था, इसके लिए वे जनवरी में न्यूयॉर्क भी गए थे। यूएई में मौजूद प्रधानमंत्री मोदी ने उनकी  पत्नी और बेटे से फोन पर बात की, उनके परिवार ने उनसे विदेश दौरा रद्द नहीं करने को कहा

प्रखर वक्ता, सफल अधिवक्ता, मंझे हुए राजनीतिज्ञ, दोस्तों के दोस्त, भाजपा के संकट मोचन कहे जाने वाले पूर्व वित्तमंत्री अरुण जेटली नहीं रहे। सदन और न्यायालय दोनों में अपने अकाट्य तर्कों से अपनी बात रखने वाले अरुण जेटली की प्रशंसा उनके राजनीतिक विरोधी भी करते थे। उनके निधन पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह सहित सभी केंद्रीय मंत्रियों, कार्यकारी भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा सहित पक्ष और विपक्ष के कई नेताओं ने शोक व्यक्त किया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर शोक व्य​क्त करते हुए कहा कि ' अरुण जेटली के निधन से मैंने मूल्यवान मित्र को खो दिया है। मैं यकीन नहीं कर पा रहा हूं कि मैं यहां (बहरीन) में हूं। उनके जैसी दूर दृष्टि और समझ बहुत कम लोगों में होती है। उन्होंने शानदार जीवन जिया और हम सभी के पास अनगिनत सुखद यादें छोड़ गए हैं। हम सभी को उनकी कमी बहुत महसूस होगी।
गृ​ह मंत्री अमित शाह ने उनके निधन पर कर कहा कि 'अरुण जेटली जी के निधन से अत्यंत दुःखी हूं, जेटली जी का जाना मेरे लिये एक व्यक्तिगत क्षति है। उनके रूप में मैंने न सिर्फ संगठन का एक वरिष्ठ नेता खोया है बल्कि परिवार का एक ऐसा अभिन्न सदस्य भी खोया है जिनका साथ और मार्गदर्शन मुझे वर्षो तक प्राप्त होता रहा।'
66 वर्षीय जेटली लंबे समय से बीमार थे। शनिवार दोपहर 12:07 बजे उन्होंने अंतिम श्वास ली। उनके पार्थिव शरीर को को अंतिम दर्शनों के लिए कैलाश कॉलोनी स्थित उनके निवास स्थान पर रखा गया। रविवार सुबह 11 बजे उनका पार्थिक शरीर भाजपा मुख्यालय में दर्शनों के लिए लाया जाएगा। दोपहर दो बजे निगम बोध घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।