भारतीय सेना ने कश्मीर के हीरो लेफ्टिनेंट उमर फैयाज की याद में समर्पित किया अवार्ड

    दिनांक 03-दिसंबर-2020   
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भारतीय सेना ने लेफ्टिनेंट उमर फैयाज की याद में एक अवार्ड समर्पित किया है। घाटी में युवाओं के नायक के रूप में उभरे लेफ्टिनेंट उमर कश्मीर में आतंकियों से लोहा लेते बलिदान हो गए थे। अब उनकी याद में सेना की राजपूताना राइफल्स ने इसकी शुरुआत लेफ्टिनेंट उमर फैयाज राजपूताना राइफल रेजीमेंट ट्रॉफी अवार्ड से की है।
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भारतीय सेना ने लेफ्टिनेंट उमर फैयाज की याद में एक अवार्ड समर्पित किया है। घाटी में युवाओं के नायक के रूप में उभरे लेफ्टिनेंट उमर कश्मीर में आतंकियों से लोहा लेते बलिदान हो गए थे। अब उनकी याद में सेना की राजपूताना राइफल्स ने इसकी शुरुआत लेफ्टिनेंट उमर फैयाज राजपूताना राइफल रेजीमेंट ट्रॉफी अवार्ड से की है। सेना का कमांडेंट मोटिवेशन अवार्ड व सिल्वर मेडल नेशनल डिफेंस अकादमी खड़कवासला के 139 कोर्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कैडेट विजय बहादुर को मिला है।


गौरतलब है कि बलिदानी उमर भी नेशनल डिफेंस अकादमी के पूर्व छात्र थे। वह एनडीए की वालीबॉल व हॉकी टीमों के खिलाड़ी होने के नाते लोकप्रिय थे। एनडीए से पास होने के बाद लेफ्टिनेंट उमर दिसंबर, 2016 को सेना में राजपूताना रेजिमेंट में बतौर युवा अधिकारी शामिल हुए थे। उनकी पहली तैनाती जम्मू के अखनूर इलाके में हुई थी। कश्मीर के शोपियां में जन्में उमर अपनी पहली छुट्टी बिताने घर आए थे। इसी बीच 9 मई, 2017 को वह अपने रिश्तेदार की शादी में हिस्सा लेने के लिए दक्षिण कश्मीर के बाटापुरा इलाके में गए। लेकिन रात्रि में वापस होते समय आतंकवादियों ने उन्हें घेर लिया। इस दौरान यह युवा अधिकारी आतंकवादियों से लोहा लेते हुए बलिदान हो गया।