दिल्ली दंगा: उमर खालिद गिरफ्तार, 17 को पेश होगी चार्जशीट

    दिनांक 14-सितंबर-2020
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दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल टीम ने यूएपीए के तहत दिल्ली दंगे मामले में जेएनयू के पूर्व छात्र उमर खालिद को गिरफ्तार कर लिया है। सेल ने रविवार रात उसे गिरफ्तार किया

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स्पेशल सेल ने रविवार को उमर खालिद को तीसरी बार पूछताछ के लिए बुलाया था। करीब 10 घंटे की पूछताछ के बाद स्पेशल सेल ने रात को खालिद को गिरफ्तार कर लिया। उमर खालिद की गिरफ्तारी गैर कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) कानून के तहत हुई है। स्पेशल सेल अधिकारियों के मुताबिक उमर ही दिल्ली दंगो का मुख्य साजिशकर्ता है। उमर खालिद जेएनयू का पूर्व छात्र है। दिल्ली दंगों को लेकर दिल्ली पुलिस द्वारा दायर चार्जशीट में भी उमर खालिद के नाम का जिक्र है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक खालिद सैफ़ी, उमर खालिद और ताहिर हुसैन की शाहीन बाग में मुलाक़ात हुई थी। वहीं दिल्ली दंगों की प्लानिंग हुई थी। जिसमें अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप के आने पर कुछ बड़ा करने की योजना बनी थी। जिससे सीएए और एनआरसी को अंतरराष्ट्रीय मुद्दा बनाया जा सके। खालिद सैफ़ी को स्पेशल सेल पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। खालिद से पूछताछ के बाद दिल्ली दंगों के विदेशों से तार जुड़े थे। पुलिस ने ट्रम्प के आने के पहले के उमर खालिद के भाषण और दिल्ली में आरोपियों के साथ हुई बातचीत के कॉल रिकार्ड,आरोपियों के साथ मीटिंग और आरोपियों के बयानों के बाद उसे गिरफ्तार कर किया है। अब साजिश को लेकर स्पेशल सेल 17 सितम्बर को जो चार्जशीट पेश करने वाली है उसमें उमर खालिद की पूरी भूमिका के बारे में बताया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि फरवरी में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए दंगा पूरी तरह सुनियोजित था। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के दिल्ली आते ही देशद्रोह के आरोपित जेएनयू के पूर्व छात्र उमर खालिद ने मुस्लिम इलाकों में बैठक कर साजिश रच दंगे कराना शुरू कर दिया था। इसके लिए बाकायदा उमर खालिद व पीएफआई ने ताहिर हुसैन को 1.10 करोड़ रुपए मुहैया कराए, जिन्हें दंगा करवाने के लिए बांटा गया।
चांदबाग में हुए दंगे से एक दिन पहले उसने आम आदमी पार्टी के निलंबित पार्षद ताहिर हुसैन के साथ बैठक कर साजिश रची थी। ताहिर ने एक दिन पहले खजूरी खास थाने में जमा अपनी लाइसेंसी पिस्टल भी ले आया था, जिसका इस्तेमाल उसने दंगे में किया। उत्तर-पूर्वी दिल्ली में फरवरी में हुए दंगों के दो मामलों में दिल्ली क्राइम ब्रांच द्वारा दायर किए गए आरोप पत्र में उक्त तथ्यों का जिक्र किया गया है।