झारखंड में जज भी नहीं सुरक्षित, आम आदमी का क्या होगा ?

    दिनांक 29-जुलाई-2021
Total Views |
 रितेश कश्यप

झारखंड में अपराधियों का मनोबल दिन—प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि एक अपराधी चोरी के ऑटो से कई गंभीर मामलों की जांच करने वाले धनबाद के जिला एवं सत्र न्यायाधीश 8 उत्तम आनंद की हत्या करके आसानी से फरार हो जाते हैं
retesh_1  H x W

झारखंड में अपराधियों का मनोबल दिन—प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि एक अपराधी चोरी के ऑटो से कई गंभीर मामलों की जांच करने वाले धनबाद के जिला एवं सत्र न्यायाधीश 8 उत्तम आनंद की हत्या करके आसानी से फरार हो जाते हैं।

झारखंड के धनबाद में 28 जुलाई कि सुबह 5 बजे एडीजे 8 उत्तम आनंद अपने घर से सुबह की सैर पर निकले थे। इसी बीच तेज गति से आ रहे एक ऑटो ने उनकी ओर मुड़ते हुए उन्हें धक्का मारा और फरार हो गया। यह सारी घटना पास ही के पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी में कैद हो गई। जिसमें यह साफ दिखाई दे रहा है कि सीधा जा रहा ऑटो अचानक जज उत्तम आनंद की ओर मुड़कर उन्हें जोरदार धक्का मारता है और वहां से फरार हो जाता है। सीसीटीवी से पता चला की ऑटो में दो लोग सवार थे।

इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने उत्तम आनंद को पास के ही एसएनएमएमसीएच अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

अल सुबह सैर पर गए जज उत्तम आनंद जब 7 बजे तक घर नहीं लौटे तो पत्नी कीर्ति सिन्हा ने रजिस्ट्रार को फोन कर पति के घर नहीं आने की सूचना दी। थोड़ी देर बाद उन्हें पता चला कि रणधीर वर्मा चौक के पास उनके पति दुर्घटनाग्रस्त हो गए थे। बाद उन्हें एसएनएमएमसीएच अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहां पहुंचते ही डाक्टरों ने बताया की उनके पति की मौत हो गई है। पत्नी कृति सिन्हा ने धनबाद थाना में अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराते हुए हत्यारों को जल्द पकड़ने की मांग की है।

चर्चित मामलों की सुनवाई कर रहे थे उत्तम आनंद

उत्तम आनंद छह माह पूर्व ही बोकारो जिले से ट्रांसफर होकर धनबाद आए थे। उत्तम आनंद के कोर्ट में काफी चर्चित और बड़े केस की सुनवाई चल रही थी। इसमें मुख्य रूप से सिंह मेंशन और पूर्व विधायक संजीव सिंह के करीबी रंजन सिंह हत्याकांड का मामला भी शामिल है। इस मामले में झरिया की कांग्रेस विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह का मौसेरा देवर हर्ष सिंह आरोपित है। इसके साथ ही तीन दिन पहले ही उन्होंने उत्तर प्रदेश के इनामी शूटर अभिनव सिंह और होटवार जेल में बंद अमन सिंह से जुड़े शूटर रवि ठाकुर और आनंद वर्मा की जमानत याचिका खारिज की थी। कतरास में राजेश गुप्ता के आवास पर बमबाजी के मुकदमे में भी वे सुनवाई कर रहे थे।

retesh_1  H x W

पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलु से जांच करने में जुटी हुई है। इसी क्रम में पता चला कि जज को धक्का मारने के लिए चोरी के ऑटो का प्रयोग हुआ था। वह ऑटो पाथरडीह के सुगनी देवी का है। सुगनी के अनुसार उसका ऑटो रात में चोरी हो गया था और सुबह 5 बजे इस घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस ऑटो को बरामद करने में जुट गई है। इस मामले में पुलिस धनबाद के कई चर्चित और दबंग लोगों से पूछताछ करने में जुटी है। बोकारो डीआईजी मयूर पटेल ने दावा किया कि न्यायाधीश को मारने वाले को पकड़ने के लिए हर मुमकिन कार्रवाई की जा रही है। जल्द सच सामने आ जाएगा। झारखंड के हाईकोर्ट ने भी धनबाद जिला न्यायाधीश और पुलिस से रिपोर्ट मांगी है।

इस मामले में धनबाद के भाजपा विधायक राज सिन्हा ने न्यायिक अधिकारी पर हमले को चिंता का विषय बताया। सिन्हा के मुताबिक, ‘सीसीटीवी फुटेज से साफ है कि यह हादसा नहीं हत्या है। यह केस सरकार व प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती है। उन्होंने इस मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है। सोशल मीडिया पर घटना की सीसीटीवी फुटेज वायरल हो रही है। इस दौरान लोगों का कहना है कि झारखंड में जब एक जज सुरक्षित नहीं है तो आम आदमी कैसे सुरक्षित होगा ?